आजादी के रंग अनेक,
केसरिया और हरा सफेद।

मिलके मनाय ये त्योहार,
कोई भी न रह जाये यार,
मन मे हो न कोई भी खेद।
केसरिया,,,,,

आज अनोखा दिवस ये आया,
सबके मन को है हर्षाया,
हर व्यक्ति है आज विशेष।
केसरिया,,,,,,

आज करे हम देश से वादा,
जीवन होगा सच्चा सादा,
नही रखे हम किसी से बैर।
केसरिया,,,,,

कोई भी जाति हो कोई भाषा,
सबसे अपना अच्छा नाता,
घर घर पहुँचे ये संदेश।
केसरिया,,,,,,
-इंदु विवेक उदैनियाँ