ये कठिन पल बीत ही जाएँगे कभी तो खुधियों की धूप निकलेगी कभी तो ये गम का अंधेरा दूर होगा कभी तो सुख का सूरज निकलेगा कभी तो गम की य...
अन्य रचनाएंकितने ही बसन्त आए और गए हर बसन्त के साथ इंतजार रहा मुझको शायद कोई बहार छू जाए इस बार दामन मेरा पर इंतजार इंतजार ही रहा न ही कोई ...
अन्य रचनाएंरश्मिरथी सभी अधिकार सुरक्षित 2018-2022