माँगे पूरी ना हो कभी तो,
हड़ताल करनी पड़ती है,
हो रही मनमर्ज़ी की फ़िर,
पड़ताल करनी पड़ती है।
बिन कहे समझ ना आए,
सबको जी हजूरी भाए,
ऐसे हालातों में लड़कर,
मुहाल करनी पड़ती है।
माँगे पूरी ना हो कभी तो,
हड़ताल करनी पड़ती है।
पूजा पीहू
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