महाशक्ति से भिड़ना कितना पड़ रहा भारी।
यूक्रेन की इसमें रही तनिक ना समझदारी।।

31 दिन से बरस रहे हैं रूस के गोले बारूद।
यूक्रेन के शहर नागरिक हो रहे नेस्तनाबूद।। 

ब्लादीमीर जेलेन्सकी एवं ब्लादीमीर पुतिन।
हठी बने बैठेहैं दोनों लड़ें जेलेन्सकी पुतिन।। 

दोनों के नुकसान हो रहे जान माल पे भारी।
बेकसूर जनता व सैनिक एवं शहर पे भारी।।

नाटो देशों और अमेरिका के तेवर भी बिगड़े।
पश्चिमी देशों के नेताओं से हालात हैं बिगड़े।।

यद्यपि यूक्रेन की हिम्मत को देनी पड़ेगी दाद।
गजब सामना कर रहा है बिना मिले इमदाद।।

योरोप के देशों से लगा रहा जेलेन्सकी गुहार।
हथियार गोला बारूद फाइटरप्लेन भेजें यार।।

कुछ देशों ने किया मदद पर सभी नहीं तैयार।
जेलेन्सकी के सैनिक नागरिक लड़ रहे तैयार।।

कभी कीव और मास्को दोनों ही थे एक साथ।
जबसे यूक्रेनी स्वतंत्र हुए ये छूटा इनका साथ।।

कभी सोवियत रूस का हिस्सा था यह यूक्रेन।
आज दोनों देश में जंग हो रहा घायल यूक्रेन।।

कुछ जेलेन्सकी की नादानी से ये जंग बढ़ा है।
नाटो व अमेरिका के कारण जंग और बढ़ा है।।

ब्लादीमीर जेलेन्सकी झुकने को नहीं हैं तैयार।
ब्लादीमीर पुतिन का नाही रुकने वाला है वार।।

जो वाइडेन के पोलैंड दौरे ने दिया है इसमें धार।
दुनिया को डर लगता है छिड़े न थर्ड वर्ल्ड वार।।

टीवी देखो तो अमेरिका करना चाहता हस्तक्षेप।
रूस नहीं मानने वाला है कोई भी करे हस्तक्षेप।।

डर है कहीं परमाणु हथियारों का करे ना प्रयोग।
दुनिया कुछ देख रही है ऐसा ही ये बनता योग।।


रचयिता :
डॉ. विनय कुमार श्रीवास्तव
वरिष्ठ प्रवक्ता-पी बी कालेज,प्रतापगढ़ सिटी,उ.प्र.