बीज से पौधा बना, पौधे से बना पेड़
जमीन से जुड़कर फला फूला ,
मैं प्यारा सा पेड़...

ईश्वर द्वारा प्रकृति का अमूल्य हूं वरदान,
हरी भरी हरियाली, का हूं मैं प्रमाण...

खाद मिली पानी पाया, ऐसे जीवन आया
ऊपर बड़ा इधर, धरती के नीचे उधर समाया...

तने, डालिया, फूल और पत्ते आए,
पौधे से बना वृक्ष धरती पर लहराए...

पत्थर खाकर भी फल मैं देता,
प्राण वायु हर पल देता...

खुद धूप में खड़ा रहता,
पथिक, पक्षियों को छाया मैं देता...

आओ मिलकर वृक्ष लगाएं
कर्मवीर बन, धरती को स्वर्ग बनाए...

जीवन सुखी बनाए हम
आओ पेड़ लगाएं हम..
मंजू रात्रे ( कर्नाटक )