अविनाश 5 साल का हो गया था आज फिर से जिद करने लगा मां आज मेरा बर्थडे है पापा तो बर्थडे में कभी रहते नहीं कहते हो पापा बहुत दूर रहते हैं  नौकरी करते हैं  बहुत साल बाद आएंगे सब के पापा मम्मी साथ में अपने बच्चे को लेकर केक कटवाते हैं आप तो बस मुझे और दादीजी को लेकर केक कटवाती हो। फादर डे पर स्कूल में जब प्रोग्राम होता है तब सिर्फ आप जाती हो स्कूल में सब मुझे चिढ़ाते हैं तेरे पापा क्या करते हैं  पापा स्कूल क्यों नहीं छोड़ने आते हैं। मैंने सारे बच्चों को बोला है इस बार बर्थडे पर मेरे पापा मेरे साथ रहेंगे हम लोग सब मिलकर सेलिब्रेट करेंगे। पापा कब आएंगे मम्मी 7:00 बज गए कुछ देर में बच्चे आ भी रहे होंगे यह सुनकर अविनाश की मां रीना का चेहरा सफेद हो गया। उसके मुंह से कुछ शब्द नहीं निकल रहे थे आज बर्थडे के दिन अपने बेटे को क्या समझाए वह मासूम क्या समझ पायेगा। रीना क यह हालत देखकर उसकी सास अपने पोते को गोद में उठाते हुए बोली बेटा मैं केक कटवाऊ़गी। इस बार अविनाश का सब्र टूट गया था आप मुझसे झूठ बोलती हो पापा आएंगे देखना इस बार भी पापा नहीं आएंगे। थोड़ी देर में सारे बच्चे आ गए अविनाश बच्चों को देखकर खुश हो गया कुछ देर में केक काटा गया वहअपने दोस्तों के साथ खेलने में व्यस्त हो गया गुब्बारे और टोपी समोसे चॉकलेट कोल्ड ड्रिंक सब बच्चों को वह खुशी खुशी-खुशी दे रहा था उसके चेहरे को खुशी देखकर उसकी मां खुशी से झूम उठी। कुछ देर बाद दोस्तों के जाने के बाद अविनाश थक कर सो गया था।  रीना घर के  कामों में व्यस्त हो गई आज उसका मन बहुत बेचैन था उसे समझ में नहीं आ रहा था अपने बेटे को वह क्या बताएं। उस मासूम को क्या समझाए तुम्हारे पापा जेल में बंद हैं उन्हें 14 वर्ष का फांसी का सजा मिला है। पर आज बेटे को झूठी तसल्ली देकर पापा आएंगे मन ही मन अंदर से व्याकुल हो गई थी। वह नहीं चाहती थी की अविनाश और   पड़ोसी उसके अतीत के बारे में नहीं जाने पर अब अविनाश से छुपाना मुश्किल हो रहा था पड़ोसी भी कहते थे हमारे पति भी विदेश में रहते हैं दो-तीन साल बाद आते हैं 1 महीनों के लिए पर आपके तो 5 साल हो गए क्यों नहीं आते अब किस मुंह से कहें उसका पति हत्यारा है। रीना पलंग पर जाकर  लेट गई उसकी आंखों में नींद कोसों दूर था वह बार-बार सोने का कोशिश करते हैं पर उसे नींद नहीं आ रही थी वह ख्यालों में डूबी हुई आज से 8 साल पहले यादों मे खोई हुई थी उसे याद आ रहा था रीना का शादी एक रोहन नामक युवक से हुआ था जो इंजीनियरिंग करके बेंगलुरु में नौकरी करता था ।गांव में उसके बहुत ठाठ बाट थे उसके ससुर जी गांव केमुखिया थे गांव में सबसे ज्यादा खेत100 बीघा ससुर जी की थी गांव के सबसे सुखी संपन्न परिवार था। रीना के पिताजी जब शादी  पक्का करके आए तब घर में आकर सब को बताया हमारी बेटी राज करेगी राज मैंने उसके लिए बहुत सुशील संस्कारी लड़काऔर सभ्य परिवार खोजा है। लड़का के पिता जी गांव के मुखिया हैं हमारे बेटी सुखी रहेगी । रीना जब शादी करके गई कुछ सालों बाद  अविनाश का जन्महो गया कुछ साल बाद गांव में एक घटना घट गई गांव के पांच छह लोगों को जिंदा जला दिया गया कुछ  उग्रवादी  तत्व गांव के   पाच छः लोगों को जिंदा जला दिएजिसमें उसके ससुर जी और उसके पति का भी नाम आया। रीना कोर्ट में बहुत रोई उसने कहा जिस समय यह घटना घटी उसके पति बेंगलुरु में थे वहां पर नौकरी करते हैंउसके ससुर जी को मुखिया होने के कारण फंसाया जा रहा है इन लोगों का कोई हाथ नहीं है गांव के लोग जलते हैं ।मुखिया  और सुखी संपन्न होने के कारण गांव वाले हम लोगों से जलते है
 पर कोर्ट ने कोई बात नहीं मानी। देश मेंअंधा कानून है रीना के बार बार रोने गिड़ गिड़ाने से भी कोर्ट ने उसकी एक न सुनी उसके ससुर जी और पति को 14 वर्ष का जेल हो गया। गांव कुर्की जब्ती में सारा संपत्ति पुलिस ले गई गांव वाले रीना और उसके सास का जीना मुहाल कर दिया हत्यारिन की मां और हत्यारिन का पति कहकर लोग घर से निकलना भी मुश्किल कर दिए। रीना और उसके सास गांव छोड़कर शहर आगई। वह नहीं चाहती थी अविनाश पर कोई असर पड़े। पर उसने आज ठान लिया सच्चाई कभी नहीं   छुपाया जा सकता कल अविनाश को लेकर  तिहाड़ जेल पापा से मिलाने जरूर लेजाएगी। वह बताएगी पापा एक दिन जरूर छूटकर आएंगे पापा बहुत अच्छे इंसान हैं पापा हत्यारा नहीं हैं।...



                         सपना कुमारी
                         बिहार पटना