मन से दिल का क्या रिश्ता है तुमने मुझे बतलाया,
      तेरा साथ मिला मुझको हर सपना हुआ मेरा पूरा....।

तुमसे मिलके मुझको ऐसा लगा,
       मिली तपती धूप में छाया.......।

अब भीड़ हो या हो तन्हाई,
     मेरे साथ रहती तेरी परछाई.....।

एहसास ये मुझको होता है ,
   जब छूकर तुम कहते हो....।

   हाँ कहते हो, क्या कहते हो,
फिर से तुम कहो, हौले से कहो....

तुम मेरे हो ,मेरे ही हो ना.........।


                                ❤ऋचा❤