ऐ वतन ऐ वतन तु है 
इस चमन का सबसे प्यारा वतन
तेरी रक्षा के लिए ही हम सब पैदा हुए बांध कर सर में कफ़न

तेरी आंचल से जो आए हवा 
उन हवाओं को सलाम
चूम लूं उस माथा को 
जिसपे आए तेरा नाम
सबसे सुंदर सुबह तेरी
सबसे सुंदर तेरी शाम
ऐ वतन ऐ वतन
तु है इस चमन का
सबसे प्यारा वतन

हम सब है अनेक फिर भी है एक
हमारी खुबसुरती हमारी संस्कृति है
हमारी ताकत हमारी एकता है
हमारी जान हमारी शान 
भारत माता है

तुझपे जो किसी की आए बुरी नजर 
तेरी रखवाली में ना हम सोचें अपनी जान
क्युकि तु है हमारी जान हमारी शान
ऐ वतन ऐ वतन तु है 
इस चमन का सबसे प्यारा वतन

वीर जवानों की कुर्बानी को 
कदापि जाया होने नहीं देंगे
देश के गद्दारों के मंसूबों को 
कदापि पुरा होने नहीं देंगे 
हम अपनी तिरंगा को 
कदापि झुकने नहीं देंगे
क्युकि तु है हमारी जान 
हमारी शान
ऐ वतन ऐ वतन तु है 
इस चमन का सबसे प्यारा वतन 
सबसे प्यारा वतन

आपका :- अफ्फान हाजिपुरी