जीने के  लिए जरुरी है ,एक बूंद   जिंदगी।
जी लो किसी भी हाल मेंं. एक बूंद जिंदगी।

नसीब मेंं होती नहीं सबके ,ये खुशनसीब जिंदगी।
कतरा कतरा सिमटती है ,ये एक बूंद जिंदगी।

हाल दिल बयां कर दो ,महबूब से मिलकर।
देती नहीं बार बार मौके ,ये एक बूंद जिंदगी।

हौसलों के साथ सफ़र,पूरा कर लो हौलेहौले।
एक एक बूंद से बनाती ,सागर ये एक बूंद जिंदगी।

मुश्किलों मेंं भी तू ,हार न मानना मुसाफिर।
उम्मीद की इक किरण, दिखाती ये एक बूंद जिंदगी।

पैर जमाए रखो जमींपर ,देखो आसमां की तरफ़।
हिम्मत है तो पा लोगे इसे,सिखाती हमें एक बूंद जिंदगी।

किस्मत को कभी दोष न देना, किसी नाकामी के लिए।
मेहनतकशों का हौसला बढाती, ये एक बूंद जिंदगी।

गम भी है,जश्न भी है ,रूठी है, तो मिलनसार भी है।
हार को जीत, और जीत को हार में ,बदलती ये एक बूंद जिंदगी।

सबको मिलता है यहाँ ,उसी के हिस्सों का
किसी को कम या ज्यादा, नहीं देती ये एक बूंद जिंदगी।

हर तरफ बैठाकर रखती, तालमेल गज़ब का।
सुख दुख को साथ,लिए चलती ये एक बूंद जिंदगी।

बहुत सो लिया अब, अपनी बंद आंखें खोलो स्नेह।
लम्हा लम्हा खिसक  रही है ,ये एक बूंद जिंदगी।
 
चलो तैयार हो जाओ,नित नया संघर्ष करने को।
क्या पता फिर कोई मौका, न दे ये एक बूंद ज़िंदगी।
 

स्नेह लता पाण्डेय
        नई दिल्ली