महकने लगी हुँ मै तेरे आने से 
धड़कने बढ़ने लगी है तेरे छूने से 
साँसों को साँसों से  मिल जाने दो 
दुरी ना रहे हर फासलो को आज  मिट जाने दो 
महकने लगी हुँ मै तेरे आने से 

अपने हर गम तुम मुझे दे दो 
अपनी लबों की हसीं भी  मै तुम्हे दे दूँ 
सो सो बार मे बलिहारी जाऊ तुम पर 
दिल ही क्या मै तेरे लिए अपनी जान भी दे दूँ 
महकने लगी हुँ मै तेरे आने से 

काटा कोई तेरे पैर मे ना चुभने दूगी 
तुझ पे दर्द का काला साया कभी ना पड़ने दूगी 
अपने हिस्से की हर ख़ुशी भी मै तुझे दे दूगी 
उस खुदा से भी तेरे सारे गम अपने हक़ मे लिखवा लुंगी 
महकने लगी हुँ मै तेरे आने से 

मै तेरी हुँ सदा तेरी ही होकर रहूगी 
बस इस बात का तू 
 एतबार करना 
ना सिकवे ना कोई गिला मेरी तरफ से 
अपने दिल मे ना कभी भी तुम रखना 
महकने लगी हुँ मै तेरे आने से 

आलिया खान ✍️✍️