उठाई जो आज कलम मैंने
दिल में है जो प्रेम मूरत वो कागज पर उतर गई
देखकर मैं भी हुआ हैरान
मानो या ना मानो राधे कृष्ण ही है
राधे कृष्ण ही है मेरे दिल की जान
बसें है प्रेम मूरत में मेरे प्राण।।
नैन मिला रहे हैं कृष्ण राधा से
युगल छवि निहार रहा हूं मैं
प्रेम को कलम के सहारे
दिल से कोरे कागज की जमीं पर उतार रहा हूं मैं।।
पेश है हाथों से बनी राधे कृष्णा की तस्वीर 😊
पिंटू कुमावत'श्याम दिवाना'🙏🙏💐💐

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