आज सुनाऊँ दुनिया वालो "
साहस की एक अमिट कहानी! 
मणिपुर के इम्फाला में जन्मी, 
एक बच्ची की अजब कहानी!! 

माता पिता कृति, लेइमा, 
के घर,  आठ अगस्त को जन्म हुआ! 
किसने सोचा था कि, 
नये युग का सृजन हुआ!! 

बचपन खेल कूद मे बीता, 
खेल खेल मे ज्ञात हुआ! 
कोच मिली, कुजारानी देवी, 
नव प्रतिभा का जन्म हुआ!! 

नाम किया रोशन  ,भारत का, 
गोल्ड मेडल प्राप्त किया! 
कास्य पदक से रजत पदक तक, 
द्वितीय महिला विजेता बन नाम किया!! 

श्रीमती रीमा महेंद्र ठाकुर, (गरिमा) 
रानापुर झाबुआ मध्यप्रदेश भारत