उफ्फ ये आखें तेरी
दिल की जुबां बन प्यार जताती है,
तुम कुछ ना बोलो पर सब कह जाती है आखें तेरी l
कितनी नजाकत दिखाती है,
न जाने कितनों को दिवाना बनाती है आखें तेरी l
बादल बन के बरस जाती है,
कभी कभी तो गीत भी गाती है आखें तेरी l
बिन पिये ही बहकाती है,
कभी कभी तो मधुशाला भी बन जाती है ये आखें तेरी l
गहरी समंदर सी गहराई है,
प्यार के सच्चे मोती लाई है ये आखें तेरी l
बड़ी प्यरी दर्पण सी लगती है,
एक सूरत जानी पहचानी सी दिखाती है आखें तेरीl
जादू से भरी है,
मेरे हर गमों को मिटाती है आखें तेरी l
उफ्फ ये आखें तेरीll

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