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नैना की आंखें चमक उठी ,गिट्टू मौसी उसको पसंद थी और वह उससे काफी हिली -मिली थीं । बच्चों में बच्ची गिट्टू मौसी बिल्कुल ..!


गिट्टू मौसी के बारे में सुनकर वह जल्दी -जल्दी खाना खाने लगी । 

ग्रेसी की नजर नैना तक पहुंची और वह मन ही मन मुस्कुरा उठी । वह सोची "__जो नैना एक घंटे तक जुगाली करती रहती थी उसने , मात्र दस मिनट में खाना निपटा लिया । असम्भव !! वाकई बच्चों के मन की कोमलता तक पहुंच पाना मुश्किल तो नहीं पर आसान भी नहीं है ..!"

आज शनिवार --शाम के पांच बज चुके थे ..। 

नैना टीवी देखने के साथ होमवर्क कर रही थी .। उसे पता था होमवर्क करना जरूरी था .. क्योंकि गिट्टू शनिवार की शाम वीकेंड में आती और रविवार की शाम को जाती  पूरे चौबीस घंटे बाद ।

नैना ने मां को आवाज लगाई ," ममा ..! "
ग्रेसी "---हां बेटा बोलो..!"

नैना--- "...गिट्टू मांसी आ रहीं हैं ..ना ? बहुत मजा आने वाला है । आज ..! मस्ती करेंगें खूब ढेर सारी ...!"

ग्रेसी---" हां बहुत मज़ा आएगा ..!"

नैना---"क्या मौसी वह सब लाएगीं जो मैं उनको मंगाई थी ?"

ग्रेसी--" क्या ??वैसे तुम क्या मंगवाई नैना !"

नैना --" कुछ नहीं मेरा और मौसी का टॉप  सिक्रेट है । आपको नहीं बता सकते ।"

ग्रेसी --" ओ हो ...तभी मैं कहूं इतनी इनर्जी (फुर्ती ) नैना में .... Impossible .!!(असंभव ) कोई बात नहीं लेकिन ,ममा से कुछ नहीं छिपाते ..हैं ना !! "

नैना--"जी ममा ,बस यह लास्ट बारी !"ग्रेसी की तरफ एक उंगली आगे करती हुई बोली ।

--"ओके ठीक है .. नौटंकी !"ग्रेसी हंसते हुए बोली ।

सांझ का वक्त ___

नैना और ग्रेसी टेरेस पर खड़े थे ,खिड़कियों और दरवाजों से नजारा स्पष्ट  दिखाई दे रहा था । सूरज लालिमा लिए हुए डूब रहा था ।पेड़ पर बने एक घोंसले को वे दोनों अक्सर देखते थे ,चिड़िया भी पेड़ों पर आसरों पर लौट चुकी थी .।

नैना चिल्ला रही थी ," ---ममा लुक (देखो) सुंदर चिड़िया अपनी चोंच से अपने दो बेबी (बच्चों) को खाना खिला रही है । दोनों कितने प्यार से चोंच खोल रहें हैं ‌।  How amazing !!!(कितना आश्चर्य )

__" यस! श्श्श्श्श्श् !! चुप करो नहीं तो सब डिस्टर्ब हो जाएंगे । बर्ड नहीं चाहती कोई उन्हें डिस्टर्ब करें । दे हेव दियर वर्ड .. !"(उनकी अपनी दुनिया है ) मुंह में उंगली रख ग्रेसी बोली ।

छ: बजे सांय ----

गाड़ी की रूकने की आवाज ..! 🛻

ग्रेसी ने सुना और दरवाजे की ओर लपकी । सामने गिट्टू खड़ी मुस्कुरा रही थी । 

गिट्टू को देख ग्रेसी ने उसको अंदर आने को कहा और अंदर जाते ही गिट्टू सोफे के ऊपर पसर गई ।

आते ही गिट्टू ने पुकारा," -- नैना ओ नैना आओ...देखो ... तुम्हारी गिट्टू आई है.. .वेलकम मी बेबी (स्वागत करो मेरा .) !"और जोर -जोर से हंसने लगी ।

नैना उसी वक्त फैवरेट कार्टून देख रही थी परंतु प्यारी मौसी की आवाज सुनते ही ड्राइंग रूम की ओर दौड़ी पड़ी और उससे लिपट  गई .। नैना की मन में बैठी गिट्टू मौसी की छवि निरंतर गहरे होती जा रही थी ..।

उसे आज तक पता नहीं था मौसी कौन सा काम करती है ? कहां जाती है...? वगेरह- वगेरह..। 

कभी -कभी उसकी पसंद की चीजें गिफ्ट कर देती हैं यही उसके लिए काफी था ..। उसकी इच्छाओं की पूर्ति की एक किरण ..गिट्टू मौसी..!!


गिट्टू ने हाथ में स्टाइलिश रूमाल बांधा हुआ था ,बाल गोल्डन ब्रोउन कलर करवाए थे जो कि,नैना को बहुत ही पसंद थे ..। आंखों में काजल ,आइलानर, मस्कारा,गालों में.... भी हर जगह कॉस्मेटिक से भरी रंगत  .. कपड़ों से फैशन झलकता था ही .. ज्वेलरी भी क्लासिक रहती थी ..। 

एक बार  कोई भी गिट्टू की बातों में आसानी से आ जाता था .! ..खूबसूरती में कमी नहीं और बातों में भी धनी ..!

इस बीच ग्रेसी किचन में रात्रि भोज की तैयारी में व्यस्त हो गई ..कुछ तो गिट्टू भी पैक करवा के ले आई थी जिससे, ग्रेसी मदद मिली थी ..।

उसने ऊपर से नीचे मौसी को देखा और अपने कोमल हाथों का स्पर्श मौसी के हाथों में किया प्यार से बोली," मांसी मेरा गिफ्ट ..याद है ना आपको लाए हो ?"

गिट्टू ने हंसते हुए कहा ," ओ ..मेरी गोल्डन फिश ..मैं कैसे भूल सकती हूं ? तुम्हारा गिफ्ट ? लाई हूं ..बेबी डॉल ..!"

कहते हुए सोफे के पीछे से एक बड़ा सा पेकेट उठाया और नैना के पास रख दिया ।

नैना जल्दी जल्दी खोल कर देखना चाहती थी कि बैग में मौसी वहीं लाई हैं जो उसने मंगवाया था या कुछ और .....??

चुपके से पैकेट हाथ में लेकर अंदर स्टोर में गई , खोलने की कोशिश करने लगी जब खोला देखा और आंखें चौंधिया गई .. । 

उस प्यारी सी ड्रेस के कब से ख्वाब संजोए थी और आज मांसी पूरी कर दी । पिंक कलर की 'सिंड्रेला गाउन ' सी खूबसूरत फ्राक मुंह से अनायास ही निकला,"---वाऊ मांसी ...नाइस  (सुंदर है ) ड्रेस को चूमा और दौड़ कर गिट्टू को धन्यवाद देने ड्राइंग रूम में आ गई । 

उत्सुकता से बोली ,"---मांसी क्या मैं पहनूं ..अभी ..??"

गिट्टू बोली ,"---यस प्लीज ...डॉल क्यों नहीं मजे करो तुम भी !"

वह गाउन पहन अंदर ड्रेसिंग टेबल के पास पहुंची और बोली --"ऐ मेरे दर्पण बता दुनिया में सबसे सुंदर कौन ? फिर हंसते हुए बोली तुम और कौन ?"

समय रात्रि के सात बजे :

तभी दरवाजे पर थाप सुनाई दी ...। 

ग्रेसी ने आवाज दी ,--"कौन है ?"

बाहर से आवाज़ आई ," मैं..!"


सुनंदा ☺️

क्रमशः

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